भोपाल: 23 नवंबर को भोपाल में अनुसूचित जाति और जनजाति अधिकारी एवं कर्मचारी संघ (एजेएकेएस) के राज्य सम्मेलन में ब्राह्मणों के खिलाफ आईएएस अधिकारी संतोष वर्मा की टिप्पणी पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है, वहीं मध्य प्रदेश में महिला आईएएस अधिकारी मीनाक्षी सिंह का एक और वीडियो सामने आया है जिसमें वह उसी सम्मेलन में जाति-आधारित मानसिकता की वकालत करती हुई सुनाई दे रही हैं।सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में आईएएस मीनाक्षी सिंह कहती नजर आ रही हैं, “जातिवादी होना आज की सबसे बड़ी मांग है। आपने लोगों को सवर्ण समाज के नाम का गुणगान करते देखा होगा- ये जातिवाद, ये जातिवादी मानसिकता हमारे लिए जरूरी है। हम अपने लोगों को ढूंढेंगे और उनकी मदद करेंगे।” (जातिवादी होना समय की सबसे बड़ी मांग है। आपने देखा होगा कि कैसे लोग अपने उपनाम के आधार पर उच्च जाति के लोगों के प्रति पक्षपात दिखाते हैं; यह जातिवाद, यह जातिवादी मानसिकता हमारे लिए आवश्यक है। हमें अपने लोगों को ढूंढना चाहिए और उनकी मदद करनी चाहिए।)मीनाक्षी सिंह 2013 बैच की आईएएस अधिकारी हैं। एमपी कार्यकारिणी ने पहले वर्मा को उनकी टिप्पणियों के लिए कारण बताओ नोटिस दिया था और कहा था कि कारण बताओ नोटिस पर वर्मा द्वारा प्रस्तुत जवाब संतोषजनक नहीं है।
‘जातिवादी होना समय की सबसे बड़ी मांग’: एक और आईएएस अधिकारी ने छेड़ा विवाद | भारत समाचार